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जानिए आखिर क्यों लड़कियों को ही आते हैं पीरियड्स?

लड़कियों के पीरियड्स

अबतक आपने लड़कियों के पीरियड्स के बारे में कई लेख पढ़े होंगे. अब तो लड़के भी इस समस्या का ज़िक्र करते हैं.

अब ये ऐसी समस्या नहीं रह गई, जिसे छुपाया जाए. वर्षों पहले ऐसा होता था कि जब भी लड़की अपने उन दिनों में होती थी, उसे घर से बाहर रहना पड़ता था और उस दौरान वो घर के किसी भी सामान को हाथ नहीं लगा सकती थी.

हाल ही में एक फिल्म के ज़रिए भी इसे बखूबी दिखाया गया. इस फिल्म में वही सब दिखाया गया जो पहले होता था.

लड़कियों के पीरियड्स –

असल में लड़कों के मन में और लड़कियों के मन में भी जब वो पहली बार पीरियड्स फेस करती हैं, तो सवाल उठता है कि ये लड़कियों को ही क्यों होता है? लड़के इससे कैसे बच जाते हैं. आज तक आपने इसका मेडिकल उत्तर सुना होगा, लेकिन आज हम आपको इसके पीछे की कहानी सुनाएंगे.

लड़कियों के पीरियड्स – असल में भारतीय शास्त्रों में ऐसी कहानी लिखी गई है कि आखिर क्यों सिर्फ लड़कियों को ही पीरियड्स होता है.

आप भी जानें ये कहानी. एक बार देव गुरु वृहष्पति इंद्र के व्यवहार से रूठ गए और इंद्र को छोड़ कर चले गए. वृहष्पति के अनुपस्थिति जान कर राक्षसों ने देवताओं पर हमला करने की योजना बनायीं और वो सफल हुए.

अब स्वर्ग पर दैत्यों का शासन हो गया. इससे दुखी होकर इंद्र ब्रह्मा जी के पास जा पहुंचे.

ब्रह्मा जी ने इंद्र देवता की बात सुनी और कहा कि गुरु के नाराज़ होकर चले जाने से इंद्र का तेज़ ख़त्म हो गया है. अब उसे किसी ब्रह्म ज्ञानी से ज्ञान लेकर ही तेज़ दोबारा मिल पाएगा. ब्रह्मा जी की बात सुनकर इंद्र देवता उस ज्ञानी की खोज में निकल पड़ें. कई दिनों के बाद इंद्र देवता को मार्ग में उन्हें एक ब्रह्म ज्ञानी का आश्रम दिखाई दिया. इन्द्र उस ब्रह्म ज्ञानी से ज्ञान प्राप्त करने लगे. उस ब्रह्म ज्ञानी की माँ राक्षस कुल की थी, अतः ऋषि का राक्षसों के प्रति स्नेह था. ये बात इंद्र को नहीं पता था.

इंद्र और बाकी देवता ज्ञान लेने के बदले में जो कुछ भी उस ऋषि को देते, वो अपनी पत्नी के स्नेह में सबकुछ रक्षाओं को दे देता. जब ये बात इंद्र को पता चली तो वो बहुत गुस्से में हो गए. उन्हें ऐसा प्रतीत होने लगा कि इस तरह से तो वो कभी भी अपने राज को वापस नहीं पा सकेंगे. स्वर्ग पर राक्षसों का ही अधिकार जमा रहेगा. ऐसे में कैसे वो दोबारा स्वर्ग के राजा बन पाएंगे.

ऐसा सोचते-विचरते एक दिन इंद्र ने उस ऋषि की ही हत्या कर दी. हत्या तो कर दी, लेकिन तो ब्रह्म हत्या में लिप्त हो गए. ये तो वही हुआ की आसमान से गिरे खजूर पर लटके. अपनी इस ब्रह्म हत्या का दाग मिटाने के लिए उन्हें अपना पाप इस सृष्टि के ४ लोगों को सौंपने के लिए कहा गया. सबने इंद्र की बात मान ली, लेकिन स्त्री ने उनकी बात नहीं मानी. असल में अगर स्त्री हाँ कर देती तो उसे हर माह पीरियड्स से गुज़रना पड़ता. ब्रह्म हत्या का उसे इस तरह से मोल चुकाना पड़ता.

वो स्त्री राज़ी नहीं हुई, लेकिन फिर इंद्र ने उसे प्रलोघन देकर राज़ी कर ही लिया. इंद्र ने स्त्री को प्रलोभन दिया कि उस दौरान उसे पुरुष से ज्यादा सुख मिलेगा जब वो सम्भोग करेगी. स्त्री इसी प्रलोभन में आ गई और उसने झट से हाँ कर दिया.

ये है लड़कियों के पीरियड्स की कहानी –  बस तब से लड़कियों को ही पीरियड्स आते हैं. इस कहानी में कितनी सच्चाई है ये तो ज्ञानी लोग ही जानें, लेकिन इसके तथ्य को पूरी तरह से नकारा भी नहीं जा सकता.

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