ENG | HINDI

हापुड़ में हुई मॉब लिंचिंग का बदला लेना चाहता है आतंकी मूसा

आतंकी मूसा – देशभर में लगातार एक के बाद एक हो रही मॉब लिंचिंग की घटनाओं को किसी भी मायने में सही नहीं ठहराया जा सकता।

देश भर में मौजूद कानून व्यवस्था को दरकिनार करती ये मॉब लिंचिंग की घटनाएं जहां एक ओर ये दर्शाती है कि लोगों का कानूनी व्यवस्था से विश्वास उठता जा रहा है, वहीं दूसरी ओर बीच सड़क कुछ लोगों का एकजुट होकर किसी के अपराध पर ऑन द स्पॉट फैसला सुनना देश के लोकतांत्रिक नियमों को सवालों के घेरे में खड़ा करता है।

आज ये बात बेहद आम हो गई है कि सड़क पर एकजुट हुई एक भीड़ सिर्फ शक के बिनाह पर एक व्यक्ति को मार-मार कर मौत की नींद सुला देती है।

ये है हापुड़ मॉब लिंचिंग की पूरी कहनी

दरअसल यूपी के हापुड़ में मीट की दुकान चलाने वाले 45 वर्षीय कासिम कुरैशी को लोगों ने सिर्फ इसलिए मौत की नींद सुला दिया, क्योकि उन्हें कासिम और 64 वर्षीय सैमीउद्दीन पर गौहत्या का शक था।

आतंकी मूसा

गौरतलब है कि विगत 18 जून को हापुड़ में कुछ लोगों ने इक्ठ्ठा होकर गौहत्या में शामिल होने के शक में सैमीउद्दीन और कसीम कुरैशी की जमकर पिटाई कर दी, जिसमें कासिम की तो मौके पर ही मौत हो गई, जबकि सैमीउद्दीन बुरी तरह से घायल हो गया। सैमीउद्दीन को घायल अवस्था में अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां लम्बें इलाज के बाद उनकी हालत में सुधार आया। उनके शारिरीक घाव तो भर गए, लेकिन मन पर लगे घावों के जख्म उनके मन पर कुछ इस कदर लगे कि उन्होंने हापुड़ का रूख नहीं किया और अपने रिश्तेदारों के यहां गाजियाबाद में ही रहने लगे।

लेकिन कासिम कुरैशी की मौत पर न्याय की गुहार लगाते हुए सैमीउद्दीन ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर इस मामले की एसआईटी जांच कराने की गुहार लगाई थी, इस मामले पर पहली सुनवाई 13 अगस्त को हुई। इस मामले पर कोर्ट ने भी कड़ा रूख अख्तियार कर मेरठ के आईजी को दो हफ्तें के अंदर मामले की जांच कर रिपोर्ट दाखिल करने के निर्देश दिए थे। कोर्ट द्वारा जारी फरमान के बाद 5 सिंतबर को पुलिस जांच टीम ने 11 में से 10 आरोपियों की गिरफ्तारी की रिपोर्ट कोर्ट को पेश की। साथ ही इस पूरे मामले की जांच के लिए 60 दिनों का समय भी मांगा।

फिलहाल इस मामले मे आरोपित सभी आरोपियों को जमानत पर रिहा कर दिया गया है

आतंकी मूसा

हापुड़ में हुई मॉब लिंचिंग का बदला लेना चाहता है आतंकी मूसा

आतंकी मूसा आंतकी संगठन अंसार गजवात-उल-हिन्द का मुखिया है। इतना ही नहीं उसे भारत सुरक्षा बल के आला अधिकारियों ने ‘मोस्ट वॉन्टेड की लिस्ट’ में भी डाल रखा है। दरअसल बीते बुधवार इससे जुड़े कुछ आंतकी मूवमेंट की खुफिया जानकारी के तहत पंजाब पुलिस और जम्मू-कश्मीर की स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप साझा अभियान में जलांधर के पास शाहपुर में CT इंस्टीयूट ऑफ इंजीनियरिंग, मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी के छात्रावास के एक कमरे से एक असॉल्ट राइफल समेत विस्फोट का कुछ सामान व हथियार बरामद किये है। साथी ही आतंकी मूसा के दो साथियों को भी गिरफ्तार किया गया है।

आतंकी मूसा

इस दौरान पकड़े गए आंतकी मूसा के दोनों साथियों ने खुद इस बात का खुलासा किया है कि आतंकी मूसा ने यूपी के हापुड़ में हुई कासिम कुरैशी की मौत का बदला लेने का मन बना रखा है।

आतंकी के दोनों साथियों के द्वारा दी गई इस सूचना के बाद हापुड़ में सुरक्षा व्यवस्था और अधिक कड़ी कर दी गई हैं।दोनों ने पुलिस द्वारा की गई पुछताछ के बाद इस बात का खुलासा किया है।

Don't Miss! random posts ..