ENG | HINDI

रिलेशनशिप में सबके साथ होता है ऐसा, लेकिन बताता कोई नहीं

रिलेशनशिप में

रिलेशनशिप में – मोहब्‍बत क्‍या है, इस सवाल का जवाब आप तब तक नहीं दे सकते हैं जब तक कि आपको किसी से मोहब्‍बत ना हो जाए।

प्‍यार बहुत खूबसूरत अहसास हो ता है और ये हमने फिल्‍मों में भी देखा है लेकिन असल जिंदगी में कुछ भी खूबसूरत नहीं बल्कि कॉम्‍पिलिकेटेड होता है।

प्‍यार होता तो खूबसूरत ही है लेकिन फिल्‍मों से असल जिंदगी में आने पर इसके मायने बदल जाते हैं। प्रैक्‍टिकली देखें तो रिलेशनशिप में होने के कुछ कड़वे सच भी होते हैं जिन्‍हें जानते तो सब हैं लेकिन मानता कोई नहीं हैं। जी हां, आज हम आपको रिलेशनशिप के कुछ ऐसे ही कड़वे सच के बारे में बताने जा रहे हैं।

रोमांस हो जाता है फीका

नए-नए प्‍यार में खूब रोमांस और आकर्षण रहता है लेकिन कुछ महीने या साल बीतने के बाद रंग फीका पड़ने लगता है। रोमांस का फीका पड़ना तय है लेकिन आपको इसे मरने नहीं देना चाहिए। किसी ना किसी तरह उन्‍हें स्‍पेशल फील करवाते रहें।

सबकी अलग है कहानी

अकसर हम दूसरों की रिलेशनशिप की दुहाई देते हैं लेकिन आप ये जान लें कि हर रिश्‍ते में अलग तरह की प्राब्‍लम्‍स और खासियतें होती हैं। रिश्‍ता दो लोगों की आपसी समझ से आगे बढ़ता है। किसी और के रिलेशनशिप को देखकर अपना रिश्‍ता बिगाड़ना गलती है।

हर दिन नहीं होता सुहाना

मोहब्‍बत के सफर में हर दिन सुहाना नहीं होता। कभी-कभी आपको उनसे प्‍यार करने पर पछतावा भी हो सकता है। ऐसा सबके साथ होता है। अगर कोई काम बिगड़ जाए तो लोग इसका जिम्‍मेदार अपने पार्टनर को बताने लगते हैं जबकि होना ये चाहिए कि वो अपनी गलती मानें और उसे ठीक करने की कोशिश करें।

कमियों पर ध्‍यान देना

जब हम किसी के बहुत ज्‍यादा करीब होते हैं तो उनकी कमियां और अच्‍छाईयां दोनों पता होती हैं। अकसर लोग रिलेशनशिप में अपने पार्टनर की कमियों को गिनवाने में लगे रहते हैं जबकि इसकी जगह उन्‍हें उनकी अच्‍छाईयों को याद रखना चाहिए क्‍योंकि कमियां तो आपमें भी हैं।

प्‍यार से ज्‍यादा चाहिए

रिलेशनशिप का एक कड़वा सच ये है कि सिर्फ प्‍यार ही काफी नहीं होता है। यहां  अकेला चना भाड़ नहीं फोड़ सकता वाला सीन होता है। प्‍यार के साथ-साथ आपसी समझ, भरोसा, सपोर्ट और केयर जैसी बहुत सी चीज़ों की जरूरत होती है। इनके बिना रिश्‍ते की गाड़ी चलना मुश्किल होता है। वहीं जहां प्‍यार होता है वहां तकरार भी होती है और कभी-कभी झगड़ों से तंग आकर लोग अपने पार्टनर को ही इग्‍नोर करने की सोचने लगते हैं। ऐसे में गुस्‍सा अंदर ही रह जाता है और वो इकट्ठा होकर ज्‍वालामुखी की तरह फूट पड़ता है। इससे बेहतर है कि आप किसी मुद्दे पर झगड़ा नहीं बल्कि आराम से बैठकर बात करें।  

नहीं अनकंडीशनल लव का ज़माना

आजकल उस प्‍यार का वजूद नहीं है जिसमें कोई कंडीशन ना हो। सभी को रिश्‍ते में कुछ तो चाहिए ही होता है और पार्टनर से उम्‍मीदें होना लाजिमी है। हालांकि उम्‍मीदें जितनी कम हों उतना ही अच्‍छा होगा।

इन छोटी-छोटी बातों को ध्‍यान में रखकर आप भी अपनी लव लाइफ को प्‍यार और खुशियों से भर सकते हैं।

Don't Miss! random posts ..