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इस रेस्टोरेंट में कभी मत जाना क्योंकि यहाँ लोग इन्सान का मांस खाते हैं

इन्सान का मांस

इन्सान का मांस – इस रेस्टोरेंट में कभी मत जाना क्योंकि यहाँ इंसान इंसान का ही मीट खाते हैं

घर का खाना खाने से बोर होने पर हम सभी होटल में जाते हैं. अपने स्पेशल मोमेंट को सेलिब्रेट करने के लिए भी हम सभी रेस्टोरेंट में जाते हैं. अपनी पसंद के रेस्टोरेंट में हर कोई जाता है. हर किसी को लगता है कि उसका फेवरेट होटल या रेस्टोरेंट उसके स्पेशल मोमेंट के लिए ठीक रहेगा.

वैसे कई बार आप सभी उसी होटल में जाते हैं जो किसी एक के लिए फेमस हो. उदाहरण के लिए कई बार हम ऐसे रेस्टोरेंट में जाते हैं जहाँ पनीर अच्छा मिलता है. कभी कबाब वाले तो कभी किसी और स्पेशल फ़ूड के लिए हम सभी रेस्टोरेंट में जाते हैं.

इन्सान का मांस

अब तक जानवरों का मांस और मछली खाने वालों के बारे में ही सुना होगा आपने. लेकिन आज हम आपको ऐसे लोगों के बारे में बताएंगे जो इंसानों का मांस खाते हैं. असल में वो अपने घर में बनाकर नहीं बल्कि रेस्टोरेंट में खाते हैं.

अब आप सोच रहे होंगे कि ऐसा रेस्टोरेंट कहाँ हैं जहाँ इन्सान का मांस मिलता है.

तो चलिए हम आपको बताते हैं.

आम रेस्टोरेंट की ही तरह एक रेस्टोरेंट ऐसा भी है जहाँ पर इन्सान का मांस परोसा जाता है.

जी हाँ, आपको अजीब लग रहा होगा लेकिन यही सच है. दरअसल, ये रेस्टोरेंट है जापान के टोक्यो में जिसका नाम है रेज़ोटो ओटोटो नो शोकू रियोहिन है. आपको बात दें इसका हिंदी में मलतब होता है ‘खाने लायक भाई’. कहा जाता है लोग यहाँ पर इन्सान का मांस खाने आते हैं जो बेहद ही अजीब है. अब आपको बता देते हैं इन्सान का मांस आता कहाँ से है जिसे सभी को परोसा जाता है और लोग खाते भी हैं. भले ही आपका मन घिन्ना रहा हो लेकिन वहां जाकर लोग इंसानी मीट खाते हैं.

जापान में बने इस रेस्टोरेंट में भीड़ भी खूब रहती है. अब आपको बताते हैं कि ये मीट आता कहाँ से है.  इस रेस्टोरेंट की एक पॉलिसी है जिसके चलते यहाँ पर लोग अपने मरने का कॉन्ट्रैक्ट करके जाते हैं. जी हाँ,  यहाँ पर लोग अपने मरने की कीमत भी लेते हैं. इंसानों को अपने मरने की कीमत लाखों में दी जाती है और उसके बाद इनके मीट की डिश को करीब 7 से 8 हजार रूपए में बेचा जाता है. इसके अलावा इंसान को यहाँ पर खाना खिलाकर उन्हें पहले फिट किया जाता है ताकि उनका मांस खाने लायक हो जाए.

तो अब आपको बात समझ में आयी कि कहाँ से आता है ये मीट.

ये दुनिया बहुत ही अजीब है. जानवरों का मांस खाते हुए लोग अब इन्सान का मांस भी खाने लगे हैं. इसे कहते हैं प्रकृति. जी हाँ हैरानी तो इस बात की हो रही है कि लोग खुद भी कैसे अपने मरने के बाद अपनी बॉडी यहाँ दे जाते हैं. कितने लालची हो गए हैं लोग. अपने मौत की भी कीमत लगाकर जीवन जी रहे हैं.

इस चीज़ को क्या कहेंगे ये तो हमें नहीं पता, लेकिन आप इसके बारे में क्या राय रखते हैं हमें ज़रूर लिख भेजें.

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