gareeb

जितनी मर्ज़ी खाओ, पैसे दे सकते हो तो ठीक और नहीं दे सकते तो भी ठीक!

आईएं आज कुछ अलग बात करते हैं, मैं आप को एक कहानी सुनाता हूँ. ये कहानी एक रेस्टोरेंट की हैं…

8 years ago